क्या है उमंग हैल्पलाइन

umang helpline

 राज्य सरकार ने किशोर बच्चों की शारीरिक, मानसिक, भावनात्मक समस्याओं और जिज्ञासाओं का समाधान करने के लिए उमंग हैल्पलाइन 14425 की शुरूआत की है। इसके साथ परामर्श केन्द्र भी शुरू किए गए हैं। यहां बच्चों की पहचान को गुप्त रखा जायेगा, ताकि वे निडर होकर अपनी बात कह सकें।

एक राज्य-स्तरीय सहित 313 विकासखण्डों पर परामर्श केन्द्र बनाये गये हैं। इन केन्द्रों पर एक ही समय में 16 से 20 कॉल अटेंड किये जायेंगे। परामर्श केन्द्र सुबह 8 बजे से रात 8 बजे तक काम करेंगे। प्रत्येक केन्द्र में दो परामर्शदाताओं के हिसाब से कुल 626 परामर्शदाताओं को नियुक्त किया गया है। यह केन्द्र 9228 हाई स्कूल एवं हायर सेकेण्डरी स्कूलों के बच्चों को परामर्श देंगे।

स्वास्थ्य, महिला-बाल विकास, पुलिस और न्याय विभाग के सहयोग से उमंग हेल्पलाइन और परामर्श केन्द्रों का संचालन किया जायेगा। हेल्पलाइन और परामर्श केन्द्र 38 लाख से भी अधिक किशोर बच्चों और उनके अभिभावकों की समस्याओं का समाधान करने में मदद करेंगे।

उमंग किशोर हेल्पलाइन एवं परामर्श केन्द्रों में उच्च तकनीकी का प्रयोग किया गया है। इसमें लैंड-लाइन नंबर को मेप किया जाता है। डाटा से संबंधित सूचनाओं को रिकॉर्ड करके मासिक रिपोर्ट बनाई जा सकती है। क्लांइट के साथ लाइव चेट की जा सकेगी तथा ईमेल द्वारा भी परामर्श दिया जा सकेगा। परामर्शदाता ने कितने कॉल अटेंड किये तथा कितना समय लिया यह भी रिकॉर्ड रहेगा। प्रत्येक कॉलर की उम्र, लिंग, स्थान, कॉल का प्रकार आदि का भी रिकॉर्ड रहेगा।

विशेषज्ञ परामर्शदाता

विकासखण्ड स्तरीय परामर्श केन्द्रों में एक महिला एवं एक पुरूष परामर्शदाता की नियुक्ति की गई है, जिनका विशेषज्ञों द्वारा साईकोमेट्रिक टेस्ट लिया गया है। परामर्शदाताओं को टाटा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंसेस मुम्बई में 10 दिवसीय प्रशिक्षण दिलवाया गया। साथ ही, विषय-विशेषज्ञ द्वारा प्रशिक्षण दिया गया है। सभी परामर्शदाताओं को प्रत्येक 6 माह में प्रशिक्षण दिया जायेगा। साप्ताहिक मॉक सेशंस भी होंगे। कार्यस्थल पर परामर्शदाताओं के लिए भी साईको थेरेपी एवं रिलेक्सेशन जोन का प्रावधान किया गया है फोन कॉल पर बात करने की कोई सीमा नहीं है। परामर्शदाता मानसिक एवं शारीरिक बदलाव, मानसिक स्वास्थ्य, नशे की लत, गैर-संचारी रोग, भावनात्मक समस्या, पोषण, शैक्षणिक एवं करियर परामर्श, आपसी रिश्ते एवं आत्महत्या की रोकथाम आदि पर परामर्श देंगे।

मुख्य परीक्षा के लिए सामग्री